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भाजपा को करना होगा सरकार से बाहर, लोगों की राय

पटना। पैन कार्ड, बैंक एकाउन्ट, के बाद केंद्र सरकार ड्राइविंग लाइसेंस को आधार से जोड़ने पर विचार कर रही है। केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा है कि उन्होंने इस बारे में उन्होंने ‘नितिन गडकरी जी से बात की है। सरकार के इस फैसले पर बिहार के लोगों ने मिली-जुली प्रतिक्रिया दी है।

दूसरी ओर लोगों ने भाजपा को ही आधार से बाहर करने का मन बना लिया है। छोटे बच्‍चे भी गलत उम्र प्रमाणपत्र बनवाकर ड्राइविंग लाइसेंस बनवा लेते हैं, जिसके कारण सड़क पर आये दिन दुर्घटना होती रहती है। इन पर भी लगाम लगेगा।

पटना के लोगों ने कहा कि लगता है कि जिस तरह केन्द्र सरकार हम लोगों को परेशान कर रही है लगता है कि इसकों ही सरकार से बाहर करना होगा।

ड्राइविंग लाइसेंसे को आधार से लिंक करने के पीछे की वजह
सरकार यह फैसला एक ही व्यक्ति के नाम पर कई कई लाइसेंस होने की घटनाओं को खत्म करना चाहती है। रवि शंकर प्रसाद ने कहा है कि सरकार आधार और ड्राइविंग लाइसेंस को लिंक करने की योजना पर विचार कर रही है और जल्द ही इस पर फैसला लिया जा सकता है। कई बार ऐसा होता है कि लोग एक लाइसेंस रद्द होने पर या सस्पेंड होने पर दूसरा लाइसेंस बनवा लेते हैं। एक से अधिक ड्राइविंग लाइसेंस फर्जी पहचान को भी बढ़ावा देते हैं।

आधार से लिंक होगा मोबाइल नंबर
सरकार ने साल 2018 की फरवरी तक सभी लोगों को अपना मोबाइल नंबर आधार से लिंक कराने को कहा है। ऐसा नहीं करवाने पर सिम डीएक्टिवेट हो सकता है। एएनआई के ट्वीट के मुताबिक केंद्र ने एक नोटिस जारी करके कहा है कि सभी सिम कार्ड जिन्हें आधार कार्ड से फरवरी 2018 तक लिंक नहीं कराया तो फोन नंबर डिएक्टिवेट हो सकता है।

वर्ष 2017 के फरवरी में सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को आदेश दिया था कि वह एक साल के अंदर सभी मोबाइल टेलिफोन उपभोक्ताओं की पहचान करें। कोर्ट ने कहा था कि यूजर्स के सत्यापन के लिए के लिए यूजर्स के सिम कार्ड को उनके आधार से लिंक कर दिया जाए।

पैन कार्ड और बैंक खाते हुए आधार से लिंक
सरकार के निर्देश के बाद सभी लोगों ने अपने पैन कार्ड और बैंक खाते को अाधार से लिंक करवाया है। पहले यह मोहलत 1 सितंबर तक ही दी गई थी, हालांकि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद समय को 31 दिसंबर तक बढ़ा दिया गया है।

 

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