Tuesday, December 1, 2020 at 4:10 AM

एडीएम ने सस्‍पेंड किया स्टाम्प विक्रेता राम रक्षपाल का लाइसेंस, ये है वजह

बदायूँ। जिला स्टाम्प अधिकारी /अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व नरेन्द्र बहादुर सिंह ने अवगत कराया है कि स्टाम्प निर्धारित मूल्य से अधिक मूल्य पर विक्रय किये जाने की शिकायत प्राप्त होने पर नायब तहसीलदार क्षेत्र उझानी तहसील बदायूँ से जांच कराई गई। नायब तहसीलदार क्षेत्र उझानी तहसील बदायूँ द्वारा प्रस्तुत जांच आख्या 22 अक्टूबर में मुख्य रूप से उल्लेख किया गया है कि उनके द्वारा कलक्ट्रेट परिसर स्थित स्टाम्प विक्रेता रामरक्षपाल की दुकान का औचक निरीक्षण किया गया। मौके पर उपस्थित स्टाम्प क्रेता नाजिश अल्वी पुत्री एहसान अली से 10 रुपए के स्टाम्प के 20 रुपए मांगे गये, जिसको लेकर दोनो मध्य बहस चल रही थी। स्टाम्प क्रेता नाजिश अल्वी द्वारा अपने ब्यान में कहा गया है कि स्टाम्प विक्रेता द्वारा 10 रुपए का स्टाम्प 20 रुपए में विक्रय किया जा रहा है।
जांच में विक्रेता राम रक्षपाल की लाइसेंस सख्या 06 कलक्ट्रेट परिसर बदायूँ द्वारा स्टाम्प प्रिन्ट रेट से अधिक मूल्य पर स्टाम्प विक्रय किया जाना सिद्ध हुआ है, स्टाम्प विक्रेता के इस कृत से भारतीय स्टाम्प अधिनियम 1899 (अधिनियम संख्या 2 ,1899) न्यायालय फीस 1870 के अधीन नियमों का उल्लंघन है। निर्धारित मूल्य से अधिक मूल्य पर स्टाम्प विक्रय किये जाने के कारण स्टाम्प विक्रेता राम रक्षपाल को स्वीकृत लाइसेंस सख्या 06 तत्काल प्रभाव से अग्रिम आदेशों तक अस्थायी रूप से निलम्बित करते हुये सहायक आयुक्त, स्टाम्प बदायूँ को जाँच अधिकारी नामित किया गया है। स्टाम्प विक्रेता राम रक्षपाल अपना पक्ष सहायक आयुक्त स्टाम्प बदायूँ के समक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

loading...
Loading...