Main Sliderराष्ट्रीय

ट्रिपल तलाक मुस्लिम महिलाओं के शोषण के लिए बनाया गया था : शबाना आजमी

ट्रिपल तलाक हमारे संविधान के खिलाफ : शबाना आजमी
24 इस्लामिक देशों ने पहले ही इसे खारिज कर दिया


जौनपुर। पूर्व सांसद, फिल्म अभिनेत्री शबाना आजमी ने कहा कि ट्रिपल तलाक मुस्लिम महिलाओं के शोषण करने के लिए बनाया गया था और ये हमारे संविधान के खिलाफ है। ऐसे में सरकार ने जो कानून बनाया है उसका हम सब स्वागत करते है आज पूरे विश्व में 50 से ज्यादा इस्लामिक देशों में से 24 इस्लामिक देशों में ट्रिपल तलाक को अपने संविधान से निकालकर बाहर फेंक दिया है और भारत में जो लोग इसका विरोध कर रहे है वो गलत है। भारत सेकुलर देश है और संविधान ने यहां सबको अपना हक लेने का अधिकार दिया है और ट्रिपल तलाक बीते कई दशकों से मुस्लिम महिलाओं का शोषण करता चला आ रहा था और जो कानून महिलाओं का शोषण करें उसे हम लोग हरगिज बर्दाश्त नहीं कर सकते।
मोहम्मद हसन डिग्री कालेज में पत्रकारों से बातचीत के दौरान शबाना आजमी ने कहा कि निर्भया कांड के बाद जस्टिस वर्मा ने जो रिपोर्ट सरकार को सौंपी थी उसमें सख्त कानून के साथ-साथ समाज को जागरुक करने की बात कही गयी थी। इसके बाद देश की संसद ने कानून में बदलाव कर सख्त कानून दुष्कर्म को लेकर बनाया था बावजूद इसके आज जिस तरह से देश में दुष्कर्म की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही है वो चिंता का विषय है। ऐसे में हम सबको मिलकर लोगों को जागरुक करने की जरुरत है और सरकार को भी चाहिए कि जो भी ऐसे घृणित कार्य में दोषी पाया जाता है उसे कड़ी से कड़ी सजा दी जाय जिससे की समाज को संदेश मिल सके। अक्सर यह देखने में आता है कि लोग घटना के बाद कानून के लचीलेपन की वजह से छूट जाते है इसलिए ऐसे लोगों के लिए फास्टट्रैक कोर्ट में सुनवाई की जाय और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जा सके। उन्होंने महिला सशक्तिकरण पर कहा कि सरकार आज महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए तरह-तरह की योजनाएं लागू कर रही है। जरुरत है उसको जमीन पर लागू करने की जिससे की महिलाएं अपने हक और अधिकार को जान सके।

loading...
Loading...

Related Articles