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Saturday, October 16, 2021 at 11:56 AM

विदेशी निवेशकों के लिए भी खुलेगा दरवाजा’ चीन की नो एंट्री!

नई दिल्ली: बीमा कंपनी एलआईसी  के आईपीओ से पहले विदेशी निवेश की अनुमति दी जा सकती है। हालांकि, विदेशी निवेशकों में चीन की एंट्री पर रोक के लिए योजना बनाई जा रही है। भारत सरकार, चीनी निवेशकों को जीवन बीमा निगम (एलआईसी) में शेयर खरीदने से रोकना चाहती है।

1 लाख करोड़ तक जुटाने की योजना: भारत सरकार के वित्त मंत्रालय और एलआईसी की ओर से आधिकारिक तौर पर कोई जवाब नहीं दिया गया है। वहीं, चीन के विदेश मंत्रालय और वाणिज्य मंत्रालय ने भी अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। आपको बता दें कि सरकार इस वित्त वर्ष के अंत तक एलआईसी का आईपीओ लेकर आ जाएगी। इस आईपीओ के जरिए सरकार 5% से 10% की हिस्सेदारी बेचकर करीब 1 लाख करोड़ रुपए जुटाने की उम्मीद कर रही है। इसके साथ ही एलआईसी की शेयर बाजार में लिस्टिंग होगी।

क्या है एलआईसी के लिए नियम: मौजूदा एफडीआई नीति के मुताबिक बीमा क्षेत्र में ‘स्वत: मंजूरी मार्ग’ के तहत 74 फीसदी विदेशी निवेश की अनुमति है। हालांकि, ये नियम भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) पर लागू नहीं होते हैं। मौजूदा नियम के तहत, कोई भी विदेशी निवेशक एलआईसी में निवेश नहीं कर सकता है।

हालांकि, सरकार विदेशी संस्थागत निवेशकों को एलआईसी की पेशकश का 20% तक खरीदने की अनुमति देने पर विचार कर रही है। अगर ऐसा होता है तो कोई विदेशी निवेशक देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी एलआईसी में बड़ी हिस्सेदारी खरीद सकता है।