UKADD
Saturday, October 16, 2021 at 11:48 AM

फल्गु नदी में 411 मीटर लंबा रबर डैम बनने से…

गया। मोक्षनगरी गया शहर का धार्मिक व ऐतिहासिक महत्व है। यहां हर साल पितृपक्ष में लाखों पिडदानी अपने पूर्वजों के मोक्ष की कामना के लिए पिडदान करने पहुंचते हैं। उनके लिए फल्गु नदी का पानी काफी मायने रखता है।

रबर डैम का निर्माण जल संसाधन विभाग द्वारा किया जा रहा है। 266 करोड़ रुपये की राशि से बनने वाला यह विशेष डैम अक्टूबर 2023 में बनकर तैयार हो जाएगा। यह बिहार का इकलौता रबर डैम है। डैम की लंबाई 411 मीटर होगी। इसमें सात पाया का निर्माण किया जाएगा। पाया की गहराई 24 से 28 मीटर तक होगी। एक से दूसरे पाया की दूरी 65 मीटर होगी। हरेक पाया के बीच में 65 मीटर का गुब्बारा लगा रहेगा, जो पूरी तरह से वाटर प्रूफ रहेगा। डैम पर प्रतिदिन 2500 घन मीटर पानी रहेगा। डैम की चौड़ाई तीन मीटर होगी।

इस पर पाथ-वे का निर्माण भी किया जाएगा। फल्गु में तीन मीटर तक पानी आने पर विशेष गुब्बारे से उस पानी को वहां रोका जाएगा। अधिक पानी आने पर गुब्बारे की हवा कम कर नीचे की ओर पानी का बहाव दिया जाएगा। ताकि डैम सुरक्षित रह सके। विभाग के विशेषज्ञ की मानें तो फल्गु नदी में रबर डैम का निर्माण होने से देवघाट, संगम घाट के पास हमेशा पानी रहेगा। इससे पिडदानियों को तर्पण करने में आसानी होगी। गर्मी के दिनों में भी नदी में पानी रहेगा।