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माता वैष्णो देवी भवन के कैश काउंटर में लगी आग

जम्मू। विश्व प्रसिद्ध मां वैष्णो देवी भवन में प्राचीन गुफा से मात्र 100 मीटर की दूरी पर श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड द्वारा बनाए गए कैश काउंटर में मंगलवार शाम करीब 4:00 बजे एकाएक शार्ट सर्किट के कारण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरे कैश काउंटर को अपनी चपेट में ले लिया।

मौके पर तैनात सीआरपीएफ 06 बटालियन के जवानों ने तुरंत ही इसकी सूचना दमकल विभाग के साथ ही श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड को दी। सभी ने तत्परता दिखाते हुए आग पर काबू पाने की कोशिश की । आग पर करीब एक घंटे में काबू पा लिया पा लिया गया लेकिन तब तक कैश काउंटर में रखे गए कैश के साथ ही कैश काउंटिंग मशीनें यहां तक कि अन्य महत्वपूर्ण समान पूरी तरह से जलकर राख हो गया। नुकसान का आंकलन किया जा रहा है। किसी के भी घायल होने की कोई भी सूचना प्राप्त नहीं हुई है।

भवन के कैश काउंटर में लगी की लपटें दूर-दूर से देखी जा रही हैं। फिलहाल यात्रा को बीच में ही रोक दिया गया है। हालांकि कोरोना की वजह से इस समय यात्रा में काफी कम संख्या में ही श्रद्धालु आ रहे हैं लेकिन फिर भी एहतियात के तौर पर यात्रा को अभी रोक दिया गया है। स्थिति सामान्य होने के उपरांत ही यात्रा को फिर से बहाल कर दिया जाएगा।

लाइव आरती होगी अपने समय पर होगी

मां वैष्णो देवी भवन पर कैश काउंटर में हुई आगजनी की घटना को लेकर श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के सीईओ रमेश कुमार ने कहा कि कैश काउंटर में शार्ट सर्किट के कारण आगजनी की घटना हुई है। अलबत्ता मात्र एक घंटे के भीतर इस पर काबू पा लिया गया है। कैश काउंटर के समीप मां वैष्णो देवी के पवित्र अटका स्थान पर रोजाना होने वाली लाइव आरती पर इसका कोई असर नहीं पड़ा है। सामान्य दिनों की तरह मां वैष्णो देवी की लाइव आरती निरंतर जारी रहेगी। इस कैश काउंटर में कितना नुकसान हुआ है इसका आंकलन किया जा रहा है।

यहां यह बता दें कि गत 30 अप्रैल को भी माता वैष्णो देवी मार्ग पर स्थित चरण पादुका मंदिर क्षेत्र में शंभू मार्केट में संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई थी। इसे बुझाने में फायर ब्रिगेड के जवानों को दो घंटों से अधिक का समय लगा था लेकिन तब तक 15 दुकानें जल चुकी थी।

पहले भी माता वैष्णो देवी भवन मार्ग पर हो चुके हैं अग्निकांड

चरण पादुका क्षेत्र में पहले भी दो बार भयंक अग्निकांड हो चुके हैं। वर्ष 2009 में इसी क्षेत्र के पीपी मार्केट में भयंकर आग लग थी। इस अग्निकांड में 55 दुकानें जल गई थी। वर्ष 2012 में पीपी मार्केट में फिर आगजनी की घटना हुई। इसमें करीब 25 दुकानें जलकर राख हो गई थी।

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