Wednesday, December 8, 2021 at 4:03 PM

 एसडीएम सदर को फाइल पर हस्ताक्षर करने की फुर्सत नहीं 

अयोध्या । कारसेवक पुरम में संचालित होने वाली श्रीराम गौशाला के वार्षिक अनुदान की फाइल पर हस्ताक्षर करने की फुर्सत नहीं है। एसडीएम सदर प्रशांत कुमार पर यह आरोप श्रीराम गौशाला समिति के सह प्रबंधक शरद शर्मा ने लगाते हुए कहा कि यह स्थिति जब इस गौशाला की है तो अन्य के साथ क्या हो रहा होगा? उन्होंने इसकी जानकारी प्रदेश के मुख्यमंत्री तथा उपमुख्यमंत्री सहित जिलाधिकारी अयोध्या को भी दिया है। उन्हों ने कहा श्रीराम गौशाला विगत 30 वर्षों से निरीह और असहाय जिसमें अधिकतर गौ तस्करों से छुड़ाई गये गौ वंश हैं। जिनकी रक्षा व संवर्धन यह आत्मनिर्भर वा स्वालंबी गौशाला  करती रही है।
  जिसके पूर्व में अध्यक्ष स्वर्गीय अशोक सिंघल जी तथा वर्तमान में श्री राम जन्म तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट सचिव चंपत राय तथा उपाध्यक्ष अयोध्या सांसद लल्लू सिंह विहिप संरक्षक  प्रबंधक पुरूषोत्तम नारायण सिंह हैं।  उन्हों ने बताया की मेरी स्वयं एसडीएम सदर से दूरभाष पर हुई वार्ता के उपरांत श्रीराम गौशाला के सेवकों को वार्षिक अनुदान राशि प्राप्त करने हेतु “गौ सेवा” आयोग को भेजी जाने वाली फाइल पर हस्ताक्षर करने के लिए भेजा गया लेकिन एसडीएम सदर ने गौ सेवकों को यह कहकर लौटा दिया कि मेरे पास फुर्सत नहीं है। उन्हों ने कहा की एक चर्चित और सक्रिय गौशाला के साथ जब एक प्रशासनिक अधिकारी का ऐसा बर्ताव है, तो अन्य गौशालाओं के साथ कैसा व्यवहार किया जाता होगा यह प्रश्नचिन्ह खड़ा करता है। उन्होंने कहां इस विषय से ट्वीट करके प्रदेश के  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य वा जिला अधिकारी अयोध्या को भी अवगत करा दिया गया है।