लो-ब्लड प्रेशर से जूझने वालों में भी स्ट्रोक का खतरा

लो-ब्लड प्रेशर और स्ट्रोक के कनेक्शन को समझने के लिए वैज्ञानिकों ने 30 हजार ऐसे बुजुर्गों पर अध्ययन किया जो इस्कीमिक स्ट्रोक से जूझ चुके थे। इनमें 18 महीने पहले स्ट्रोक का मामला आया था।

शोधकर्ताओं का कहना है, इनका हेल्थ डाटा बताता है कि जो मरीज स्मोकिंग करते थे, हृदय रोगी थे या डिमेंशिया या कैंसर से जूझ रहे थे, उनमें स्ट्रोक का खतरा और भी ज्यादा था। रिसर्च के आंकड़े बताते हैं कि सिर्फ हाई ब्लड प्रेशर ही नहीं, लो ब्लड प्रेशर भी स्ट्रोक की वजह बन सकता है।

रिस्क फैक्टर्स को घटाने जरूरत-शोधकर्ताओं का कहना है, स्ट्रोक के खतरे से बचने के लिए लो-ब्लड प्रेशर पर नजर रखने के साथ इसके रिस्क फैक्टर्स से भी खुद को बचाने की जरूरत है। इसलिए स्मोकिंग से दूर रहें। ऐसी लाइफस्टाइल अपनाएं जो हृदय रोगों और कैंसर का खतरा कम करे।

ये बातें ध्यान रखें-खाने में नमक की मात्रा सामान्य रखें। शरीर के ब्लड प्रेशर को सामान्य रखने में नमक अहम भूमिका निभाता है।
दिनभर में कम से कम 8 गिलास पानी या अन्य लिक्विड (दूध, मट्ठा, जूस, लस्सी) से शरीर को हाइड्रेट रखें।
स्ट्रेस लेने से बचें और सिगरेट, शराब या अन्य नशीली चीजों से दूरी बनाएं।
अपने खाने में हरी सब्जियों और फलों को ज्यादा शामिल करें।
हाई कार्बोहाइड्रेट वाली चीजें खाने से बचें।

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