Monday, December 6, 2021 at 4:46 AM

साथी हाथ बढ़ाना ,एक अकेला थक जायेगा मिल कर बोझ उठाना , साथी हाथ बढ़ाना ..गाने ने समाज को दिया मानव संदेश, खूबसूरत हैं फिल्म के हर सीन

दोस्तों 1957 में बनी बहुत बड़ी सफल फिल्म थी। इस फिल्म के गाने बहुत ही खूबसूरत हैं। फिल्म में दिलीप कुमार व वैजयंती माला के जोड़ी को लोगो ने बहुत पसंद किया है। इस फिल्म के गाने आज भी बहुत ही चाह से सुने जाते हैं।  इस फिल्म में सब्जेक्ट मानव मशीन के तौर पर लिया गया है। यह  फिल्म  दिलीप कुमार और वैजयंती माला के अभिनय से सजी हिन्दी फिल्म है।
इस फिल्म ने गजब का इतिहास बना डाला है। यह फिल्म है नया दौर जिससे बी. आर. चोपड़ा ने बनाया था। नया दौर जो 1957 में बनी थी वो उस जमाने की बहुत बड़ी सुपर हिट फिल्म थी। बी. आर. चोपड़ा की इस फिल्म ने जो संदेश उस समय दिया था वो आज के समय में भी उतना ही मान्य है।  ये एक क्रांतिकारी फिल्म मानी गयी थी जैसा की इसके नाम से ही पता लग जाता  है नया दौर। नया दौर चोपड़ा जी की सबसे अच्छी फिल्म मानी जाती  है।

इस फिल्म में एक अकेला थक जायेगा मिल कर साथ निभाना साथी हाथ बढ़ाना समाज को संदेश देता है कि सब मिल कर काम करे तो हर चीज संभव है। 1957 में बनी फिल्म नया दौर में मशीन और मनुष्य के बीच की लड़ाई और फिर मनुष्य की जीत को दिखा गया है। चोपड़ा को सामाजिक मुद्दों पर प्रगतिशील फिल्में बनाने का श्रेय जाता है। इस फिल्म को  रेशमी सलवार कुर्ता जाली का और उड़े जब जब जुल्फे तेरी और साथी हाथ बढ़ना जैसे गाने ने सुपर , डुपर हिट बना दिया। यह फिल्म आज के लोग भी देखना पसंद कर रहे हैं।