(paying ransom)
(paying ransom)

फिरौती (paying ransom) देने के बाद ही होती है सुहागरात!

भारत में शादी का सीजन ऑन है. हर तरह शहनाइयों, बारात के पटाखों की आवाज आपको सुनाई दे जाएगी. भारत में कई धर्मों में शादियों के कई अलग रिवाज माने जाते हैं. सिर्फ हिन्दू धर्म में ही हर एरिया के साथ शादी के रस्मो-रिवाज बदल जाते हैं. लेकिन आज हम आपको बताने जा रहे हैं रोम में होने वाली शादियों के एक अजीब रिवाज के बारे में. यहां शादी की रात दुल्हन को अगवा करने का रिवाज है. ये किडनैपिंग कोई और नहीं, बल्कि दूल्हे के दोस्त ही करते हैं. दुल्हन भी ख़ुशी-ख़ुशी किडनैप हो जाती है. इसके बाद जब तक फिरौती (paying ransom) नहीं दी जाती तब तक दुल्हन को दूल्हे से दूर रखा जाता है.

रोम की शादियों में होने वाले इस रिवाज का नाम ब्राइड नैप्पिंग है. इसमें दूल्हे की नाक के नीचे से दुल्हन को अगवा कर लिया जाता है. इस किडनैपिंग को रियल दिखाने के लिए किडनैपर्स अपने साथ हथियार भी रखते हैं. दुल्हन को गेस्ट्स के सामने से किडनैंप कर लिया जाता है. इसके बाद दूल्हे से फिरौती मांगी जाती है. जब तक फिरौती ना मिले, दुल्हन को किडनैप रखा जाता है. एक बार डिमांड पूरी होने के बाद ही दुल्हन को दूल्हे के पास भेजा जाता है.

फिरौती में रखते हैं ऐसी डिमांड
इस अजीबोगरीब रस्म में दूल्हे के दोस्त फिरौती मांगते हैं. इसमें ज्यादातर शराब की बोतलें मांगी जाती है. या दूल्हे को सरेआम अपने प्यार का इजहार करना पड़ता है. किडनैपिंग के दौरान दुल्हन हंसती रहती है. इसके अलावा वो डांस करते हुए किडनैपर्स के साथ चली जाती है. किडनैपर्स इसके बाद दूल्हे को कॉल लगाते हैं और दुल्हन को आजाद करने के बदले अपनी डिमांड रखते हैं. इस सब के पीछे मकसद मौज-मस्ती ही होता है. किसी को भी किसी तरह का नुकसान नहीं पहुंचाया जाता है.

See also  मेंस अपने हेयर का इस तरह से रखें ख्याल, सर्दियों में लोगों के बीच दिखेंगे स्वार्ट

पूरे सोवियत यूनियन में फैली है प्रथा
शादी में दुल्हन को चुराने की ये प्रथा पूरे सोवियत यूनियन में मानी जाती है. कुछ देशों में दुल्हन को कैद कर लिया जाता है और अपनी मांग पूरी ना होने तक उसे कैदी बनाकर रखा जाता है. कई बार तो इसके बदले में कैश की भी डिमांड की जाती है. यानी जैसे भारत में जूता छिपाई होती है, उसी तरह यहां दुल्हन छिपाई की जाती है. इस अजीबोगरीब प्रथा को अब जमकर मनाया जाता है. किडनैपिंग रियल लगे इसके लिए मौकाए वारदात को क्राइम सीन की तरह सजाया जाता है. हथियार और मुंह को ढंके दोस्त सच में किडनैपर्स बन जाते हैं. हालांकि, इसका मकसद सिर्फ मनोरंजन होता है.