Saturday, November 27, 2021 at 5:52 AM

उत्तर प्रदेश ने खूब सुने थे ताने

जेवर। सीएम योगी को कर्मयोगी बताते हुए राज्य में हुए विकास के कार्यों को गिनाया तो वहीं विपक्षी दलों पर भी जमकर तीर चलाए। पीएम मोदी ने कहा कि इस एयरपोर्ट के बनने से आगरा का पेठा हो या फिर सहारनपुर का फर्नीचर या मुरादाबाद का बर्तन कारोबार सभी को गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि दशकों तक यूपी को ताने सुनने के लिए मजबूर कर दिया गया था। कभी गरीबी तो कभी भ्रष्टाचार के ताने सुनने को मिलते थे। यूपी के सामर्थ्यवान लोगों का यही सवाल था कि क्या प्रदेश की छवि बेहतर हो पाएगी या नहीं।

पहले की सरकारों ने जिस उत्तर प्रदेश को अंधकार में बनाए रखा, वही राज्य आज दुनिया में अपनी छाप छोड़ रहा है। आज यूपी में अंतरराष्ट्रीय स्तर के संस्थान बन रहे हैं। इंटरनेशनल लेवल की रेल कनेक्टिविटी और दुनिया की कंपनियों के निवेश का सेंटर है। यह सब कुछ आज हमारे यूपी में हो रहा है। इसीलिए देश और दुनिया के निवेशक कहते हैं कि उत्तर प्रदेश यानी उत्तम सुविधा और निरंतर निवेश।

पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि दाऊ जी के मेले के लिए मशहूर जेवर अब इंटरनेशनल मैप में जगह पा गया है। इससे दिल्ली एनसीआर समेत पश्चिमी यूपी के कई जिलों के लोगों को फायदा होगा। 21वीं सदी का भारत एक से एक आधुनिक सुविधाओं का निर्माण कर रहा है। एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट और अच्छे रेलवे स्टेशन सिर्फ इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स नहीं होते हैं बल्कि ये सबके जीवन को बदल देते हैं। मजदूरों से लेकर कारोबारियों और किसानों तक हर किसी को इसका लाभ मिलता है।

कहीं से भी होगी नोएडा एक्सप्रेसवे तक आने की सुविधा

यहां आने जाने के लिए टैक्सी, मेट्रो से लेकर रेल तक की सुविधा होगी। एयरपोर्ट से निकलते ही आप सीधे यमुना एक्सप्रेसवे पर आ सकते हैं। इसके अलावा नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे जा सकते हैं। इसके अलावा यूपी, दिल्ली और हरियाणा के किसी भी इलाके में जाने के लिए पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर पहुंच सकते हैं। यही नहीं दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे भी तैयार होने वाला है। इसकी उससे भी सीधी कनेक्टिविटी होगी।

बताया कैसे हर साल बचेंगे 15,000 करोड़ रुपये

पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि यहां विमानों की रिपेयरिंग भी हो सकेगी। फिलहाल हर साल 15,000 करोड़ रुपये की लागत रिपेयरिंग में आती है और इस एयरपोर्ट की कुल लागत ही 30 हजार करोड़ रुपये होगी। इस तरह यह हवाई अड्डा विकास के साथ ही बचत भी कराएगा। यूपी की इसी अंतरराष्ट्रीय पहचान को इंटरनेशनल कनेक्टिविटी नए आयाम दे रही है। दो से तीन सालों में यह एयरपोर्ट जब काम करना शुरू करेगा तो यूपी 5 इंटरनेशनल हवाई अड्डों वाला राज्य बन जाएगा।